Trending Now

बीकानेर,आसेरां,स्वर्गीय मुकेश कसवां (प्रिंसिपल) की प्रथम पुण्यतिथि के अवसर पर 15 अगस्त को आसेरां स्थित अनमोल शिक्षण एकेडमी में विशाल रक्तदान शिविर आयोजित किया जाएगा। स्व. मुकेश कसवां की स्मृति को समाजसेवा से जोड़ते हुए परिजनों ने पुण्यतिथि पर रक्तदान शिविर आयोजित करने का निर्णय लिया है। आयोजन के माध्यम से जरूरतमंद मरीजों के लिए रक्त उपलब्ध करवाने के साथ समाज में रक्तदान के प्रति जागरूकता का संदेश देने का प्रयास किया जाएगा।

पुण्यतिथि को सेवा दिवस के रूप में मनाने की पहल

आयोजक रामनारायण कसवां (पिता), देवीीलाल कसवां (भाई) एवं मनीष कसवां (पुत्र) ने बताया कि स्वर्गीय मुकेश कसवां की प्रथम पुण्यतिथि को सेवा और मानवता के कार्य से जोड़कर मनाया जा रहा है। रक्तदान शिविर के आयोजन का उद्देश्य स्व. मुकेश कसवां की स्मृति को जीवंत रखने के साथ जरूरतमंद लोगों की मदद करना है।

आयोजकों ने बताया कि रक्त की आवश्यकता किसी भी व्यक्ति को अचानक पड़ सकती है। दुर्घटना, प्रसव, ऑपरेशन एवं गंभीर बीमारी के दौरान समय पर रक्त उपलब्ध होना किसी व्यक्ति के लिए जीवनदायी साबित हो सकता है। ऐसे में रक्तदान के प्रति लोगों में जागरूकता पैदा करना बेहद जरूरी है।

युवाओं की भागीदारी पर रहेगा विशेष जोर

रक्तदान शिविर में क्षेत्र के युवाओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं, शिक्षकों, विद्यार्थियों एवं आमजन से अधिकाधिक संख्या में भाग लेने की अपील की गई है। आयोजकों का कहना है कि युवाओं में समाजसेवा की भावना को बढ़ावा देने और उन्हें रक्तदान जैसे पुनीत कार्य से जोड़ने की दिशा में यह आयोजन महत्वपूर्ण पहल है।

आयोजकों ने कहा कि रक्तदान करने के बाद एक व्यक्ति को यह संतोष मिलता है कि उसके द्वारा दिया गया रक्त किसी जरूरतमंद के जीवन को बचाने में काम आ सकता है। इसी भावना के साथ क्षेत्रवासियों से शिविर में पहुंचकर रक्तदान करने का आह्वान किया गया है।

अनमोल शिक्षण एकेडमी की ओर से सौजन्य

रक्तदान शिविर का सौजन्य अनमोल शिक्षण एकेडमी, आसेरां (बीकानेर) की ओर से किया जा रहा है। आयोजन को सफल बनाने के लिए तैयारियां की जा रही हैं। शिविर के माध्यम से रक्तदान के महत्व और मानव जीवन में इसकी उपयोगिता को लेकर लोगों को जागरूक किया जाएगा।

आयोजकों ने क्षेत्रवासियों से अपील करते हुए कहा कि स्व. मुकेश कसवां की पुण्यतिथि पर उन्हें सच्ची श्रद्धांजलि देने का सबसे बेहतर माध्यम मानव सेवा है। इसलिए अधिक से अधिक लोग शिविर में पहुंचकर रक्तदान करें और इस नेक कार्य में सहभागी बनें।

एक रक्तदान किसी जरूरतमंद के लिए जीवन की नई उम्मीद बन सकता है।

आयोजकों का संदेश—
“पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि का सबसे सुंदर तरीका—रक्तदान, मानव सेवा और किसी जरूरतमंद के जीवन की रक्षा।”

Author