बीकानेर कल नगर निगम में चल रहे ट्रैक्टर ट्रॉली अनुबंध में आयुक्त द्वारा आदेश जारी कर ट्रैक्टर की संख्या घटाकर 80 से 40 कर दी है तथा प्रति ट्रैक्टर 3 ट्रिप की जगह 4 ट्रिप कर दिए हैं। शहर में होने वाले 240 ट्रिप की जगह अब 160 ट्रिप किए जायेंगे। नगर निगम आयुक्त द्वारा महापौर के निर्देशों की पालना में कल आदेश जारी करते हुए डंपिंग यार्ड में ट्रैक्टर पर्ची काटने वाले कर्मचारियों के स्थान पर नए कर्मचारियों को जिम्मेदारी दी है ।

जिसके बाद विपक्ष के कुछ पार्षदों द्वारा हर वार्ड से 1 ट्रिप करने पर आपत्ति जताई गई तथा ट्रिप कम होने से अव्यवस्था होने का हवाला दिया जा रहा है। इस पर तथ्यों को जांचने अलसुबह 6 बजे महापौर सुशीला कंवर राजपुरोहित बिना किसी को बताए अपने निजी वाहन से वल्लभ गार्डन डंपिंग यार्ड पहुंची। महापौर के इस औचक निरीक्षण की जानकारी किसी भी अधिकारी या कर्मचारी को नही थी। ट्रैक्टर ट्रालियों के आने पर मौके पर पहले से मौजूद महापौर ने सभी ट्रैक्टर ट्रॉली की खुद जांच की। पहले ही ट्रॉली में सिर्फ पत्थर मिले, बड़े आकार के पत्थर जो किसी निजी निर्माण स्थान से लाए हुए नजर आ रहे थे। डंपिंग यार्ड पहुंच रहे सभी ट्रैक्टर की जांच महापौर ने की। लगभग सभी ट्रैक्टरों में नाम मात्र कचरा मिला। कुछ ट्रैक्टरों में नीचे झाड़ और ऊपर थोड़ा कचरा कवर किया हुआ मिला और कुछ में नीचे गद्दे तथा ऊपर थोड़ी घास ही मिली। लगातार चल रही जांच में ट्रैक्टर में सिर्फ बालू रेत मिली। ड्राइवर से पूछने पर ड्राइवर ने वार्ड के बाहर से पत्थर डालने की बात कबूली। मौके पर मौजूद ठेकेदार के कर्मचारियों से पूछे जाने पर जवाब देने में आनाकानी करते नजर आए। महापौर के निरीक्षण के दौरान महापौर और ट्रैक्टरों की चल रही जांच को देखकर कुछ ट्रैक्टर आधे रास्ते से ही वापस मुड़कर भाग गए ।

महापौर ने मौके से निगम आयुक्त तथा स्वास्थ्य अधिकारी को फोन कर डंपिंग यार्ड पहुंचने के लिए कहा। मौके पर स्वास्थ्य अधिकारी के आने के बाद तुरंत कार्यरत 5 सफाईकर्मियों को कार्यमुक्त कर वार्ड में पदस्थापन के निर्देश दिए गए।

बिना हस्ताक्षर ही काट रहे थे ट्रैक्टर ट्रॉली की पर्चियां

ट्रैक्टर ट्रॉली के वल्लभ गार्डन डंपिंग यार्ड आने पर पंजिका में इंद्राज की जाती है तथा वाहनचालक के हस्ताक्षर भी लिए जाते हैं। महापौर के पंजिका जांचने पर ज्ञात हुआ की 31 जुलाई से लेकर कल तक बहुत सी जगह पंजिका में ट्रैक्टर का आना इंद्राज है परंतु वाहनचालक के हस्ताक्षर नहीं है। जिसे आपसी मिलीभगत से बाद में करवा लिया जाता है। ट्रैक्टर ट्रॉली द्वारा वार्डों में 3 ट्रिप करने होते हैं वह भी नही किए जा रहे थे । महापौर ने स्वास्थ्य अधिकारी को पंजिका भी निगम में प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।

ट्रैक्टर वाहनचालकों की गुंडागर्दी किया रास्ता जाम

चोरी पकड़े जाने पर जब महापौर ने सभी ट्रैक्टर की जांच कर डंपिंग यार्ड में खाली करवाने के निर्देश दिए तो वाहनचालकों ने डंपिंग यार्ड जाने वाले रास्ते को जाम कर दिया जिससे शहर में चल रहे ऑटो टीपर की लाइन लग गई। ऑटो टीपर डंपिंग यार्ड में खाली होकर पुनः वार्डों में कचरा संग्रहण के लिए जाते हैं परंतु रास्ता जाम होने से आवागमन रुक गया। जिस पर महापौर ने तुरंत संज्ञान लेकर संवेदक तथा स्वास्थ्य अधिकारी को निर्देशित कर आवागमन शुरू करवाया।

महापौर ने बताया की पिछले कुछ दिनों से ट्रैक्टर ट्रॉली के संबंध में लगातार शिकायतें प्राप्त हो रही थी। 3 दिन पूर्व भी औचक निरीक्षण में भारी कमियां पाई गई थी और आज भी जांच में ट्रॉली में पत्थर, बालू रेत तथा कचरा न होने जैसी कमियां देखी गई है। मौके पर संबंधित अधिकारियों को बुला कर निर्देश दिए गए है। यही कारण है की सभी वार्डों में से 1 ट्रिप को कम किया गया है । ट्रैक्टर कचरे के स्थान पर निजी स्थानों से पैसे लेकर निर्माण का मलबा तथा बाड़ों से गोबर उठा कर लाते हैं। यह जरूरी है की इस व्यवस्था की पूरी निगरानी एवं निरीक्षण किया जावे ताकि निगम राजस्व में हो रही हानि को बचाया जा सके। प्रत्येक वार्ड में अगर पार्षद एवं जमादार अपने निरीक्षण में यह कार्य करवाएं तो 2 ट्रिप भी काफी हैं क्योंकि ऑटो टीपर के माध्यम से घर घर से कचरा संग्रहण किया जा रहा है। आज हुए निरीक्षण की विस्तृत रिपोर्ट बनाकर आगामी कार्यदिवस को संबंधित अधिकारियों की बैठक कर उचित कार्यवाही की जावेगी।