










बीकानेर,चैत्र मास के पावन अवसर पर मरुनायक एवं मदन मोहर मंदिर व्यास पीठ से जुड़े जाने-माने भागवत कथावाचक पं. महेश व्यास (रत्ताणी) के मुखारविंद से 13 मार्च तक ब्राह्मणों का मोहल्ला, नंदू ठेकेदार वाली गली में, हनुमान मंदिर सुजानदेसर में चल रही भागवत कथा में बुधवार को नंदोत्सव मनाया गया। कथावाचक पं. व्यास ने कृष्ण जन्मोत्सव पर व्याख्यान दिया। उन्होंने बताया कि श्रीमद् भागवत उस दर्पण की तरह है जो मनुष्य को आंतरिक सुंंदरता का बोध कराता है। भागवत कथा और श्रीकृष्ण में कोई अंतर नहीं है। जो भक्त भागवत सुनते हैं, परमात्मा उनके कानों के माध्यम से उनके हृदय में प्रवेश कर जाते हैं।
