जयपुर,नेता प्रतिपक्ष गुलाबचंद कटारिया ने मुख्यमंत्री को लिखे पत्र में कहा है कि राज्य सरकार ने सरकारी कर्मचारियों एवं अधिकारियों के स्थानांतरणों पर दिनांक 14 जुलाई से 14 अगस्त , 2021 तक एक माह के लिये प्रतिबन्ध हटाया है । स्थानांतरणों पर प्रतिबन्ध हटाने का स्वागत है , लेकिन मैं यह बताना चाहता हूं कि शिक्षा विभाग में स्थानांतरणों पर प्रतिबन्ध होने के बाद भी सैकड़ों प्रधानाचार्य से लेकर तृतीय वेतन श्रृंखला तक के शिक्षकों के स्थानांतरण , प्रतिनियुक्तियां तथा पदों के विरूद्ध , कार्य व्यवस्थार्थ के नाम पर निदेशक , शिक्षा विभाग , उप निदेशक , जिला शिक्षा अधिकारी एवं ब्लॉक शिक्षा अधिकारियों ने एक जिले से दूसरे जिलों में स्थानांतरण / पदस्थापन कर दिये हैं ।

कटारिया ने अपने पत्र में कहा है कि शिक्षा विभाग में स्थानांतरण करने के विभिन्न तरीके अपनाये गये हैं । कई शिक्षकों को पहले आदेशों की प्रतीक्षा में रखा जाता है फिर उनके मनमाफिक स्थानों पर पदस्थापन किये गये हैं । नीति निर्देशों की धज्जियां उडाई गई हैं । नियमों को ताक में रखकर रसूखदारों को लाभ पहुंचाया गया है । स्थानांतरणों पर पारदर्शी नीति लाने वाली सरकार ने स्थानांतरणों को तबादला उद्योग बना दिया है । उदाहरण के लिये मैं कुछ स्थानांतरणों को आपके समक्ष प्रस्तुत कर रहा हूं : निदेशक , माध्यमिक शिक्षा , राजस्थान , बीकानेर ने अपने आदेश दिनांक 30.06.2021 के द्वारा राउमावि , जीवाना ब्लॉक सायला , जिला जालोर से व्याख्याता रसायन विज्ञान का स्थानांतरण कृषि विज्ञान के पद के विरूद्ध सेठ बियानी राउमावि , रूलयानी , ब्लॉक लक्षमणगढ जिला सीकर में किया है । 2 राउमावि , जाटावास जिला नागौर से व्याख्याता जियोलोजी का आदेश दिनांक 11.06.2021 से समायोजन पर स्थानांतरण राउमावि , कुडली , जिला सीकर में किया । 3 राउमावि , दीपावास ब्लॉक रायपुर जिला पाली के व्याख्याता , राजनीति विज्ञान का स्थानांतरण राउमावि , लीलिया , ब्लॉक रिया जिला नागौर किया गया है । राउमावि , भावण्डा ब्लॉक खींवसर जिला नागौर के व्याख्याता , ज्योग्राफी का स्थानांतरण राउमावि , नालोट कुचामन सिटी जिला नागौर में किया गया है ।मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी , खमनोर जिला राजसमन्द ने आदेश दिनांक 01.07 . 2021 से तृतीय वेतन श्रृंखला के अध्यापकों के कार्य व्यवस्थार्थ पश्चात पदस्थापन दिनांक 28.06.2021 से 15.05.2022 तक के लिये किये हैं । यहां यह उल्लेखनीय है कि 01.07.21 से जारी आदेश में 28.06.21 से प्रभावी किया गया हैं । कोरोनाकाल में विद्यालय बंद हैं । छात्र विद्यालयों में नहीं आ रहे हैं । राज्य सरकार ने अभी विद्यालय छात्रों के लिये नहीं खोले हैं । फिर भी कार्य व्यवस्थार्थ लगाने का क्या औचित्य है ? 6 जिला शिक्षा अधिकारी , प्रारम्भिक शिक्षा , सीकर ने तृतीय वेतन श्रृंखला के अध्यापक का समायोजन पर स्थानांतरण राउप्रावि , उतरी ढाणी कासली से राउप्रावि , फकीरपुरा किया है । 7 निदेशक , प्रारम्भिक शिक्षा , बीकानेर ने आदेश दिनांक 11.06.2021 के द्वारा विभिन्न जिलों से तृतीय वेतन श्रृंखला अध्यापकों की प्रतिनियुक्तियां पुस्तकालयाध्यक्ष , तृतीय श्रेणी के पद पर महाराजा सार्वजनिक मण्डल पुस्तकालय , चौडा रास्ता , जयपुर में किये हैं । बडा आश्चर्य है कि पुस्तकालयाध्यक्ष के पदों पर अध्यापकों को लगाया गया है । अतः मेरा आग्रह है कि प्रतिबन्धकाल में शिक्षा विभाग में किये गये स्थानांतरणों / प्रतिनियुक्तियां / पद के विरूद्ध स्थानांतरण / कार्यव्यवस्थार्थ इत्यादि समस्त स्थानांतरणों की एक कमेटी गठित कर उच्च स्तरीय जांच कराई जाकर दोषियों को दण्डित किया जाये ।