बीकानेर, राजस्थान के नागौर जिले (Nagaur) के सदर थाना क्षेत्र के कुम्हारी गांव (Kumhari Village) में तीन तलाक (Triple Talaq) का मामला सामने आया है. यह ट्रिपल तलाक कानून (Triple Talaq Law) पास होने के बाद नागौर (Nagaur) जिले का यह पहला मामला है. नागौर जिला पुलिस अधीक्षक कार्यालय (Nagaur SP) में पीड़िता ने इस बारे में एक परिवाद दिया. जिसके मुताबिक कुमारी निवासी पीड़िता की शादी 1 साल पहले 7 अगस्त 2020 को कुम्हारी के दरगाह रोड क्षेत्र के निवासी जाकिर हुसैन के साथ हुई थी.शादी के बाद से ही उसे पति के अलावा ससुराल पक्ष के तमाम रिश्तेदारों की ओर से प्रताड़ित किया जाने लगा था.मायके से रुपए लाने के लिए बार-बार उलाहना दिया जाता था. बीती 2 जुलाई को सुबह 8 बजे पति सहित ससुराल पक्ष के सभी रिश्तेदारों ने मारपीट कर पीड़िता के जेवरात छीन कर घर से निकाल दिया और कहा कि जब दो लाख रूपये तुम्हारे पिता के पास देने के लिए हो, तो ही वापस आना.

पीड़िता ने मीडिया को बताया कि इसके बाद से लगातार सुलह के बावजूद ससुराल पक्ष के लोग नहीं माने. इसके बाद पति जाकिर मुम्बई चला गया तथा वहां जाकर यह कहते हुऐ कि जो अधिक दहेज देगा, उससे शादी करूंगा तुम्हें तलाक दूंगा. पीड़िता ने बताया कि सोमवार 2 अगस्त को दोपहर 12.13 बजे उसके मोबाइल पर फोन करके पति जाकिर हुसैन ने तीन बार तलाक बोलकर तलाक दे दिया.

जबकि, मुस्लिम महिला विवाह पर अधिकारों का संरक्षण (Protection of rights on marriage) अधिनियम 2019 में उक्त तीन तलाक (Triple Talaq) को अवैध और शून्य घोषित कर संज्ञेय अपराध माना गया है. पीड़ित ने रिपोर्ट पेश कर मांग की है कि मुकदमा दर्ज कर आरोपियों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए और उसका सम्पूर्ण स्त्रीधन, जेवरात सहित वापस दिलाया जाए.