Trending Now

डूंगरगढ़,बीकानेर,ऋषभ चौरडिया ने आंचलिक सभा (श्री गंगानगर हनुमानगढ़ अबोहर फाजिल्का) अंचल में महामंत्री के रूप में अपनी सेवा दी ।और 2024 से 2026 तक अंचल में बहुत धर्मिक और आध्यात्मिक कार्य हुए।इस कार्यकाल के दौरान तेरापंथ के सरताज आचार्य महाश्रमण श्रीगंगानगर हनुमानगढ़ अंचल की 2027 में पधारेंने और लगभग 60 दिनों की अंचल की यात्रा घोषित की।

कम उम्र में अंचल के महामंत्री जैसे पद पर सफलतम कार्यकाल पूर्ण करने पर बीकानेर श्रीगंगानगर हनुमानगढ़ जिले के जैन बन्धू गौरांवित महसूस कर रहे है ।इस पद पर कार्य के अलावा आप श्री जैन श्वेतांबर तेरापंथ सभा हनुमानगढ़ जंक्शन के मंत्री ,अणुव्रत समिति हनुमानगढ़ के उपाध्यक्ष ,जैन विश्व भारती के आंचलिक साहित्य प्रचारक प्रभारी के रूप में कार्य रत रहे है । ऋषभ चोरड़िया सामाजिक और धार्मिक संगठन में अग्रणीय भूमिका में कार्य कर रहे है । ऋषभ केपिता स्वर्गीय मोहन लाल जी चौरडिया एक कर्मठ कार्यकता के रूप में सदैव अपनी सेवा दी थी ।आपके पिता श्री मोहन लाल जी आखिल भारतीय युवक परिषद में अनेक आयाम से केन्द्रीय रूप से जुड़े रहे ।आपके परिवार से अनेक दीक्षा धर्म संघ में हुई है और सभी धर्म संघ की सेवा में निरंतर आगे बढ़ रहे है ।आप की दादीजी तपोनिष्ठ स्वर्गीय मानक देवी चौरडिया ने अपने जीवन में 30 वर्षीतप किया और अंत समय में संथारा किया।पूरा परिवार गुरुदेव के प्रमुख कृपा पत्र परिवार में आता है ।

श्री डूंगरगढ़ चोरड़िया परिवार मित्र स्वजनों नेइस उपलब्धि पर आपको शुभ कामना प्रेषित करते हुए धर्म संघ के सेवा कार्यों में निरन्तर सक्रिय रहने की भावना व्यक्त की है।

Author