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बीकानेर (गंगाशहर): राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में हिंदू समाज को संगठित और समरस बनाने के ध्येय से बीकानेर महानगर की ७४ बस्तियों में आयोजित किए जा रहे सम्मेलनों की श्रृंखला में, गंगाशहर नगर की महावीर बस्ती में एक ‘विराट हिंदू सम्मेलन’ का भव्य आयोजन किया गया।
मंच पर प्रबुद्ध नेतृत्व और संतों का सानिध्य
कार्यक्रम का शुभारंभ पूज्य संत रतन गिरी जी महाराज (बर्फानी, जूना मठ थानापति, बीकानेर) के पावन सानिध्य में हुआ। कार्यक्रम की अध्यक्षता श्रीमती अनुराधा जी जैन प्राचार्या हीरालाल सौभागमल विद्या निकेतन ने की। मंच पर मुख्य वक्ता के रूप में प्रांत प्रौढ कार्य प्रमुख प्रवीण जी भाई साहब एवं नगर संघचालक डॉ. जतन लाल जी बाफना उपस्थित रहे।
*”हनुमान की तरह धर्म कार्य में जुटें” – मुख्य वक्ता*
मुख्य वक्ता प्रवीण जी ने अपने ओजस्वी उद्बोधन में भगवान राम के चरित्र का उदाहरण देते हुए समाज को संगठित होने का आह्वान किया। उन्होंने कहा, “आज आवश्यकता है कि पूरा हिंदू समाज हनुमान जी की भांति अपनी शक्तियों को पहचान कर धर्म और राष्ट्र के कार्य में एकजुट होकर लग जाए।”

सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने मोहा मन
सम्मेलन में नई पीढ़ी का उत्साह देखते ही बनता था। सार्थक एकेडमी, हीरालाल सौभागमल विद्यालय और भारतीय आदर्श विद्या मंदिर के विद्यार्थियों ने देशभक्ति और सांस्कृतिक विषयों पर मनमोहक प्रस्तुतियां दीं, जिससे वातावरण राष्ट्रभक्ति के रंग में सराबोर हो गया, वंदे मातरम राष्ट्रगीत के 150 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष में सुनील जी डागा ने वंदे मातरम की प्रस्तुति दी।
बस्ती स्तर पर संगठन का विस्तार
कार्यक्रम का कुशल संचालन डॉ. कमल कान्त शर्मा ने किया। उन्होंने बताया कि संघ के शताब्दी वर्ष के पावन अवसर पर बीकानेर महानगर की सभी ७४ बस्तियों में इसी प्रकार के सम्मेलनों के माध्यम से हिंदू समाज को जागृत और संगठित किया जा रहा है।
कार्यकर्ताओं का समर्पण और आभार
इस आयोजन को सफल बनाने में आयोजन समिति के गोपाल जी नाई, सुंदर जी सुराणा, अशोक जी डागा, देवकिशन जी सोनी, मोहित जी नायक, जतन लाल जी चोपड़ा, हरिकांत जी शर्मा, लक्ष्मण उपाध्याय और अरिहंत जी नाहटा सहित समस्त कार्यकर्ताओं का विशेष सहयोग रहा।
कार्यक्रम के अंत में आयोजन समिति के कोषाध्यक्ष अंकुश चोपड़ा ने उपस्थित मातृशक्ति, युवा शक्ति और समस्त प्रबुद्ध समाज का आभार एवं धन्यवाद ज्ञापित किया।

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