












बीकानेर/जयपुर,नगर विकास न्यास के पूर्व अध्यक्ष मक्खन जोशी की 25वीं पुण्यतिथि पर मक्खन जोशी वेलफेयर सोसायटी का ‘मेरी संस्कृति, मेरी विरासत’ अभियान की शुरुआत भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ द्वारा जयपुर स्थित भाजपा के प्रदेश कार्यालय में इसकी शुरूआत की। उन्होंने स्व. मक्खन जोशी के चित्र के समक्ष पुष्पांजलि अर्पित की और कहा कि स्व. जोशी सिद्धांतों की राजनीति करते थे। उन्होंने सदैव गरीब, पिछड़े, शोषित, वंचित वर्ग के लोगों के हितों के लिए संघर्ष किया। वे आपातकाल के दौरान लंबे समय तक जेल में रहे। वे पार्टी के सच्चे सिपाही थे। युवाओं को उनके सिद्धांतों का अनुसरण करना चाहिए। राठौड़ ने सोसाइटी द्वारा किए जा रहे सामाजिक सरोकारों के कार्यों की सराहना की और कहा कि संस्था के प्रकल्पों से आमजन में विभिन्न विषयों के प्रति जागरुकता आई है। उन्होंने बीकानेर की संस्कृति को बहुरंगी बताया और कहा कि यह अभियान यहां की कला, संस्कृति और साहित्य को आमजन तक पहुंचाएगा। उन्होंने कहा कि इसमें अधिक से अधिक लोगों को जोडऩे का प्रयास किया जाए। मक्खन जोशी वेलफेयर सोसायटी के सचिव अविनाश जोशी ने बताया कि अभियान के तहत कला, साहित्य एवं संस्कृति के क्षेत्र में काम करने वाले व्यक्तियों और संस्थाओं के साथ सतत् आयोजन किए जाएंगे। इस दौरान भाजपा के प्रदेश महामंत्री श्रवण बगड़ी, भूपेंद्र सैनी, मिथिलेश गौतम, प्रदेश उपाध्यक्ष नाहर सिंह जोधा, मुकेश दाधीच, प्रदेश मंत्री आईदान सिंह भाटी, युवा मोर्चा प्रदेश अध्यक्ष शंकर गौरा, प्रदेश कार्यालय मंत्री मुकेश पारीक आदि उपस्थित रहे।
बीकानेर में आयोजित हुई शोक सभा
नगर विकास न्यास के पूर्व अध्यक्ष मक्खन जोशी की पुण्यतिथि पर बीकानेर में भी श्रद्धांजलि सभा आयोजित की गई। व्यास पार्क स्थित पंडित दीनदयाल उपाध्याय शिक्षक प्रशिक्षक महाविद्यालय में आयोजित कार्यक्रम के दौरान संस्था के अध्यक्ष शांति प्रसाद बिस्सा ने स्व. मक्खन जोशी के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर बात रखी। इस दौरान डॉ. मीनाक्षी शर्मा, अंजली रंगा, चांदरतन सेवग, राधा रानी जोशी, रामकुमार रंगा आदि उपस्थित रहे। इसी क्रम में मक्खन जोशी की पुण्यतिथि के अवसर पर नत्थूसर गेट व्यापार मंडल की ओर से भी श्रद्धांजलि सभा आयोजित की गई। श्रद्धांजलि सभा में पार्षद नरेश जोशी, ऋषभ जोशी, मूलचंद किराडू, कमल आचार्य, नवनीत पुरोहित आदि ने स्व. मक्खन जोशी के चित्र के समक्ष पुष्पांजलि अर्पित की।
